Jul 24, 2018

टेंशन की नो पेंशन पार्ट 2

टेंशन की नो पेंशन पार्ट 1 से आगे.....
टेंशन के रीज़न की लिस्ट बना डालें – 
ख़ुद को 10-15 मिनट दें और सोचें कि आज आप टेंशन और स्ट्रेस में क्यों रहे. दिन में ऐसा कितने बार होता है? वीक में कितने दफ़ा? और महीने में कितना? कौन से लोग या एक्टिविटी टेंशन देती हैं? इन सब की एक लिस्ट तैयार करें और देखें कि क्या आप उनमें कुछ चेंज ला सकते हैं या नहीं. एक-एक करके उन्हें इम्प्रूव करते जाएं और इसके लिए लगातार एफर्ट करते रहें.


बेवजह की कमिटमेंट को बाय-बाय कहें – 
हम ख़ुद से ही अक्सर कई सारे कमिटमेंट कर लेते हैं –यह करना है, वह करना है. पत्नी, बच्चे, कामकाज, घर-गृहस्थी, समाज, धर्म, शौक, और ऑनलाइन गतिविधियों से जुड़े कई सारे कमिटमेंट को हम पूरा करने में लगे रहते हैं. इनमें से प्रत्येक का एनालिसिस करें. कहीं कुछ ऐसा तो नहीं जो ख़ुशी की जगह टेंशन देता हो. क्योंकि जो कुछ भी आपके सुख और शांति के रास्ते में आता है उसे बेवज़ह ढोने का कोई मतलब ही नहीं है. उस कमिटमेंट को बाय-बाय कर दें जो बेवजह टेंशन पैदा कर रहा हो.

ऐसे और भी छोटे-छोटे उपाय हैं जिन्हें अपनाकर टेंशन फ्री रहा जा सकता है. जैसे कि 
·       कोई भी काम ‘अभी ही करना है’ की आदत डाल लें.
·       अपने इनबॉक्स और टेबल को समय रहते साफ़ कर के रखें.
·       काम करने का एक सिस्टम बनाएं.
·       जल्दी उठने की आदत डालें.
·  हो सके तो 15-30 मिनट योग या एक्सरसाइज को अपने डेली टाईमटेबल में शामिल करें.
·       दुनिया को कण्ट्रोल करने की आदत छोड़ दें : 
  आप केवल स्वयं पर ही नियंत्रण रख सकते हैं. दूसरे लोग जैसे काम करते हैं उसे स्वीकार कर लें. यह भी स्वीकार कर लें कि अलग-अलग परिस्थितियों में चीज़ें एक ही तरह से नहीं होतीं. इसीलिए दूसरों को नियंत्रित करने से पहले स्वयं को काबू में रखने का काम करें.
·   मल्टीटास्किंग बंद करें और एक वक़्त में एक ही काम करें. इससे टेंशन रिलीज़ होगा. रिजल्ट भी अच्छा मिलेगा.
·       कुछ काम ऐसे होते हैं जिनमें दूसरे कामों कि अपेक्षा ज्यादा ऊर्जा और समय लगता है. उन्हें पहचानें और हटायें. जिंदगी बेहतर जीने के लिए भरपूर ऊर्जा का होना जरूरी है.
·       नेगेटिव लोगों से दूर रहें :
  ये ही हमारी ज़िन्दगी को मुश्किल बना देते हैं. उनसे लड़ना ठीक न होगा इसलिए उन्हें अलविदा कहने में ही भलाई है.
·       अपनी लाइफ को सरल और सहज बनाते चलें.
·     ख़ुद को जीना सीखें. ख़ुद को वक़्त दें. मरने के बाद ख़ुद से मिलना मुश्किल होगा.
·      हर काम धीरे-धीरे और एक्यूरेसी के साथ करने की प्रैक्टिस करें. ब्लड-प्रेशर नार्मल रहेगा. टेंशन कम होगी.
·       दूसरों की मदद ज़रूर करें:
  ऐसा करने से आप भीतर से बहुत अच्छा अनुभव करते हैं और आपको पॉजिटिव फील होगा. टेंशन भाग जाएगी. टेंशन तभी हावी होती है जब आदमी सिर्फ़ अपना फ़ायदा सोचता है. सबका फ़ायदा सोचने लगे तो टेंशन की छुट्टी.
·       काम के दौरान छोटे-छोटे ब्रेक लेना सही रहता है.
·    आभारी बनें:
 यदि आप दूसरों का आभार व्यक्त करते हैं तो इसके पॉजिटिव रिजल्ट्स आते हैं. दूसरे भी इससे अच्छा ही महसूस करते हैं. अपने जीवन में आपने जो कुछ भी पाया है और जिन व्यक्तियों का साथ आपको मिला है उसे उपहार मानकर उसके लिए ईश्वर का आभार व्यक्त करें. इससे लाइफ में अनूठी शांति प्राप्त होती है.

अगर आप ये कर सकें तो......
सच तो ये ही है कि आपका बिज़नस या नौकरी ही आपकी टेंशन का सबसे बड़ा कारण है. यदि आप फाइनेंसियल साउंड हैं तो ज़रा सोचें – क्या आप नौकरी के बदले कुछ ऐसा कर सकते हैं जो आप सदैव करना चाहते थे. यदि आप ऐसा कर पाते हैं तो आपके जीवन में - से + तक का परिवर्तन आ जायेगा. केवल ये उपाय ही पल भर में आपकी टेंशन 93% तक कम कर सकता है. इसे अवॉयड करने की बजाय सीरियसली लें – शायद ऐसी कोई पोसिबिलिटी हों जिनकी तरफ आप अब तक ध्यान ही नहीं दे पाए.


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