Jan 3, 2019

ना फ़िक्र कर, तूफ़ान में संभालती है जिंदगी





ये जिंदगी का खेल है और खेलती है जिंदगी

ये दौर है नया-नया
ये शोर है नया-नया
सभी सुरों की तान पर ढकेलती है जिन्दगी
ये जिंदगी का खेल है और खेलती है जिंदगी


तू दौड़ ले या भाग ले
ख्वाब ले, चाहे जाग ले
पटक-पटक के मारती, टटोलती है जिंदगी
ये जिंदगी का खेल है और खेलती है जिंदगी

तू चीख़ सुन, तू आह सुन
तू मौन सुन, वाह-वाह सुन
जब टूटने का दर्द हो, फिर पालती है जिंदगी
ये जिंदगी का खेल है और खेलती है जिंदगी

कुछ तोड़ कर चले गए
कुछ छोड़ कर चले गए
ना फ़िक्र कर, तूफ़ान में संभालती है जिंदगी
ये जिंदगी का खेल है और खेलती है जिंदगी

बरस जरा, निखर जरा
तू हो खड़ा, सवंर जरा
चट्टान सा तुझे बना धकेलती है जिंदगी
ये जिंदगी का खेल है और खेलती है जिंदगी.

3 जनवरी 2019
7.55 PM



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