Aug 27, 2019

टेक्नोलॉजी, बेबसी, रानू मंडल और किस्मत.





टेक्नोलॉजी और किस्मत जब साथ देते हैं
तो रंगत बदल सकती है.
ऐसा ही एक लेटेस्ट चमत्कार देखने को मिला 
पश्चिम बंगाल के रेलवे स्टेशन पर.

भारतीय बच्चे ख़ुद चाहे कैसे भी हों लेकिन 
उन्हें पेरेंट्स स्मार्ट और अमीर ही चाहियें.

बताया जा रहा है कि
अच्छे लुक्स ना होने की वजह से एक बेटी 
ने अपनी माँ को लगभग 10 साल पहले 
बेसहारा रहने और भटकने के लिए
रेलवे स्टेशन पर ही छोड़ दिया था.

लेकिन समय बदला,
सोच बदली,
टेक्नोलॉजी बदली,
स्टार्स बदले
और उसी बुरे लुक्स वाली रानू मंडल ने स्टेशन पर
गाना-गाते गाते अपना सफ़र ज़ारी रखा.

अचानक किसी अतेंद्र चक्रवर्ती जैसे 
सोशल वर्कर का वहां से गुजरना हुआ
और उसे रानू की आवाज़ को गहराई से 
सुनने का मौका मिला.
उनकी गले की मिठास देख
उसके दिल से कोई आवाज़ ज़रूर निकली होगी.

अब अतेंद्र ने उनके गाना की एक विडियो बनाई
और सोशल मीडिया पर अपलोड कर दी.
देखते ही देखते विडियो वायरल हो गया.

भटक भटक कर और अटक अटक कर
लाइफ़ की तकलीफों को ही
भगवान् मान बैठी रानू मंडल की किस्मत ने करवट ली
और कुछ ही पलों में वो देश की 
सिंगिंग सेंसेशन बन गयी.

लता जी के गाने गाकर अपना 
पेट पालने वाली एक बुरी लुक्स की लेडी
को लाइफ़ ने एकाएक शानदार लुक्स से नवाज़ दिया.
पोपुलर और हेल्पफुल म्यूजिक कंपोजर हिमेश रेशमिया ने जब रानू का विडियो देखा
तो उनकी आवाज़ के कायल हो गए और
जल्द ही रिलीज़ होने वाली एक फ़िल्म में उन्हें बतौर सिंगर लांच कर दिया.
किस्मत के इस खेल ने रानू मंडल की हारी-थकी-उदास जिंदगी को पल भर में जीत दिला दी.
जीत के राजा बने अतेंद्र और हीरा तराशने वाले जोहरी बने हिमेश रेशमिया.

आज रानू की बेटी भी प्यार के दावों से लबरेज है
और ख़ुद रानू मंडल को तो भरोसा ही 
नहीं हो रहा कि सबकुछ बदल चुका है.

कल तक अमावस्या की तरह जीने वाली 
रानू मंडल को आज पूरा देश प्रेरणा, जूनून 
और पूर्णिमा के चाँद की तरह सर-माथे 
पर बिठा चुका है.

और सच तो ये है कि ये सब एक पल 
का खेल नहीं है.
इसके लिए रानू मंडल ने अनंत पलों की 
अपनी उदासी और बेबसी को
अपनी आँखों में छुपाकर बार-बार 
आसमान की तरफ ज़रूर देखा होगा.

आज ऊपर से बारिश की बूंदे टपक पड़ी हैं
और इन्द्रधनुष ने उनके जीवन के
सभी काले रंगों को रंगीन कर दिया है.
अब उनके मुस्कुराने का समय है.
और उनकी आवाज़ की खूबसूरती के जगमगाने की
आहट शुरू हो गयी है.

ये सुकून के पल अब उन्हें हमेशा के लिए मिलते रहें.
भारतीय रेलवे स्टेशन और लोग, 
दोनों ही क्लासिकल होते हैं.


इमेज सोर्स: गूगल

No comments: